जिले में 14 सितम्बर से प्रारंभ गणेश उत्सव का समापन 25 सितम्बर को गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के साथ होगा। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन द्वारा विभिन्न थाना क्षेत्रों में गणेश प्रतिमा विसर्जन के लिए निर्धारित स्थल तय किए गए हैं। कलेक्टर विकास मिश्रा ने नागरिकों से निर्धारित स्थलों पर ही गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन करने तथा प्रशासन द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
थाना कोतवाली सीधी अंतर्गत देवघटा शिव मंदिर के पास सोन नदी गउघाट, गोरियरा बांध एवं पिपरोहर; थाना जमोड़ी अंतर्गत पड़री घाट गोपद नदी; थाना बहरी अंतर्गत सोन नदी मरसरहा घाट; थाना चुरहट अंतर्गत सोन नदी कोल्दहा घाट; थाना कमर्जी अंतर्गत सोन नदी गायघाट तथा थाना अमिलिया अंतर्गत खड़बड़ा घाट, बमुरी सोन नदी घाट, व्योहार घाट एवं रामनगर घाट निर्धारित किए गए हैं।
इसी प्रकार थाना रामपुर नैकिन अंतर्गत सोन नदी भवरसेन घाट, खैरा घाट एवं उमरिहा नदी; थाना सेमरिया अंतर्गत हनुमान मंदिर चौराहा; थाना मझौली अंतर्गत कठबंगला घाट, बनास नदी; थाना मड़वास अंतर्गत गोपद नदी, सतपरा मंदिर के पास तालाब एवं श्री कालिका माता मंदिर तालाब पथरौला; थाना कुसमी अंतर्गत लकोड़ा घाट, गोपद नदी घाट एवं हरचोखा नदी तथा थाना भुइमाड़ अंतर्गत गोपद नदी घाट एवं सोनगढ़ को विसर्जन स्थल निर्धारित किया गया है।
विसर्जन स्थलों पर रहेंगे सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
कलेक्टर विकास मिश्रा ने संबंधित अधिकारियों को सभी निर्धारित विसर्जन स्थलों पर आवश्यक व्यवस्थाएं समय से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। घाटों पर होमगार्ड के तैराक, नाव के साथ आवश्यक बचाव उपकरण, रस्सा, टॉर्च, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, लाइफ जैकेट, बैरिकेडिंग, टेंट, लाउडस्पीकर, चेतावनी बोर्ड, केन एवं वायरलेस संचार व्यवस्था सहित पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी।
गणेश उत्सव 14 से 25 सितम्बर तक तथा डोल ग्यारस 22 सितम्बर को मनाया जाएगा। संवेदनशील एवं भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
अधिक जल स्तर के कारण नाव से विसर्जन की अनुमति नहीं
जिले में नदियों में पानी का स्तर अधिक होने के कारण नाव से गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन की अनुमति नहीं होगी। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे निर्धारित विसर्जन स्थलों पर ही प्रतिमाओं का विसर्जन करें और नदी के गहरे पानी में प्रवेश न करें।
प्रशासन ने अभिभावकों से विशेष रूप से अपील की है कि छोटे बच्चों को विसर्जन स्थलों और नदी के घाटों से दूर रखें। भीड़भाड़ वाले स्थानों पर बच्चों का विशेष ध्यान रखें तथा उन्हें पानी के किनारे अकेला न जाने दें। घाटों पर तैनात सुरक्षा कर्मियों के निर्देशों का पालन करते हुए सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण तरीके से गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन करें।

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